संस्कृति संस्कृति “RSS द्वारा तिरंगा नहीं फहराए जाने का झूठ सच “ राष्ट्रीय सवयंसेवक संघ के दर्शन ,उद्देश्य , क्रिया कलाप को रत्ती भर भी न समझ पाने वाले लोग अक्सर विश्व के इस सबसे बड़े...
बिना श्रेणी हाँ भाई आमिर खान ! अब डर तो नहीं लग रहा न ? अभी पिछले दिनों पढ़ा की आमिर खान अपने पिक्चर लाल सिंह चड्ढा की शूटिंग के लिए तुर्की गए हैं | इस कोरोना महामारी के...
बिना श्रेणी तो खुद गई बॉलीवुड की सड़क ये जो पब्लिक है ,सब जानती है | तो ये जो लोग हैं इस देश के वो सच में ही बहुत मासूम हैं ,पहला...
बिना श्रेणी तेजस्वी यादव करेंगे MBA ,मगर चरवाहा विद्यालय से कहते हैं कि पढने लिखने की कोई उम्र नहीं होती और फिर बन्दा राजनीति में हो तो फिर तो कहना ही क्या ,क्यूंकि राजनीति...
बिना श्रेणी “कुछ भी करने का ,खुदा का ईगो hurt नई करने का “ इस मासूम दुनिया को आखिर कब ,आखिर कितने दंगे फसादों , कितने आतंकी हमलों ,तकरीरों ,फतवों के बाद जाकर एहसास होगा कि खुदा बहुत...
राय राय राय राय राय राय राय राय रिया ,ये तूने क्या किया ? हिंदी सिनेमा सालों पहले ही समाज के प्रति अपना कर्त्तव्यबोध , नैतिकता ,सामाजिक सन्देश जैसी जिम्मेदारियों से खुद को मुक्त करके ,अभिव्यक्ति के नाम...
बिना श्रेणी The Last and Lost कांग्रेसी मुगलs राजनीतिक विश्लेषक बता रहे हैं कि ,अकेले राहुल गाँधी ,प्रियंका वढेरा और सोनिया एंटोनियो माईनो -कांग्रेस के इन तीन आखिरी मुगलों ने देश की...
बिना श्रेणी सुशांत की मौत के बहाने से निकलती कुंठा आजकल एक ट्रैंड बड़ी ही तेज़ी से चलन में आया है और वो है निगेटिविटी अट्रैक्ट्स मोर ,यानि नकारात्मकता ज्यादा आकर्षित करती है और...
बिना श्रेणी कोरोना से लड़ाई में मिली सफलता : राहुल को हाइड्रोऑक्सी क्लोरोक्वीन बोलना आ गया कांग्रेस की तरफ से मीडिया बहस में और फिर चौबीसों घंटे सोशल नेट्वर्किंग साइट्स पर एक से बढ़ कर एक गालियां खाकर भी गांधी...
बिना श्रेणी कहाँ हैं बिहार के युवा राजनीतिज्ञ भारत में लोकसभा के चुनावों का आकलन विश्लेषण उस समय बहुत सरल दिखने लगता है जब बिहार उत्तर प्रदेश बंगाल और राजस्थान जैसे बड़े...