तिरंगे के अपमान से आहत हुआ हरियाणा: गांवों की पंचायत ने 24 घण्टे में प्रदर्शनकारियों को सड़क खाली करने का अल्टीमेटम दिया

पूरे देश ने देखा किस तरह से 26 जनवरी के दिन लाल किले पर किसानों के भेष में उपद्रवियों ने आतंक मचाया। उपद्रवियों ने...

फन कुचलने के लिए FIR: योगेंद्र यादव, राकेश टिकैत समेत 37 साजिशकर्ताओं के खिलाफ FIR दर्ज

राष्ट्र द्रोही गद्दारों के फन को कुचलने के लिए दिल्ली पुलिस ने साजिश कर्ताओं के खिलाफ एफ आई आर दर्ज की है।

दूसरे धर्मों का अपमान करने वालों के साथ कोई रियायत नहीं : सर्वोच्च न्यायालय ने भी नहीं दी “ताण्डव”टीम को अग्रिम जमानत

अब गए वो जमाने जब आप , अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और कला के प्रदर्शन के नाम पर दूसरे धर्मों को , उनके प्रतीकों मान्यताओं...

ये वो ‘सिंह’ नहीं जिनके लिए गुरू साहिब ने खालसा की स्थापना की थी…ये दंगाई हैं..ये देशद्रोही हैं..ये गद्दार हैं।

आंदोलन या दंगा, प्रदर्शनकारी या दंगाई। क्या कहना चाहिए जो प्रदर्शन के नाम पे देश की संपत्ति को नुक्सान पहुंचाते है। क्या किसान यह चाहता है , जो अनन्दाता मेहनत करके फ़सल बोता है क्या वो एक खेत को उजाड़ सकता है। जिस देश में जय जवान जय किसान का नारा लगाया जाता है क्या उस देश में ऐसा मुमकिन है। यह देश हमारा अपना घर है तो क्या कोई घर का सदस्य अपने ही घर को नुक्सान पहुंचा सकता है। नहीं यह तो हो ही नहीं सकता तो यह कौन है और क्या कर रहे है , फिर तो यह प्रदर्शन नहीं, दंगा ही है। दंगा आख़िर क्यों ?

साजिश बेनकाब: राकेश टिकैत का वीडियो सामने आया, किसानों से लाठी डंडा लेकर आने को कह रहे हैं

गणतंत्र दिवस को राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली की सड़कों से लेकर लाल किले तक चले किसानों के हिंसक आंदोलन के बाद किसान नेता राकेश टिकैत...

आखिर क्यों बर्दाश्त नहीं हो रहा कुछ लोगों को ये :बदलता हुआ भारत

देश को जलाने ,डराने ,अपमानित करके दंगे फसाद के लिए उकसाने , पुलिस सेना ,वर्दी और हर सरकारी सम्बद्ध से प्रतिशोध लेकर व्यवस्था को...

क्या ये किसान है ? क्या ये अन्नदाता है ? आखिर किस आधार पर सच्चे किसान को बदनाम किया जा रहा है !!

क्या ये किसान है ? क्या ये अन्नदाता है ? आखिर किस आधार पर सच्चे किसान को बदनाम किया जा रहा है !! पिछले...

राजनैतिक आंदोलनों के बीच कमजोर होती देश की राजधानी की छवि और गिरता पुलिस का मनोबल

राजनीति में सही समय पर सही दांव चलना,‌ मौका देख कर कुछ करना , स्थिति के अनुसार कुछ ना करना ये सब महत्वपुर्ण है...

काला किसान आंदोलन :- 26 जनवरी 2021

जिस तिरंगे के लिए लाखो लोगों ने अपने आपको बलिदान कर दिया जिस तिरंगे को अपनी आंखों के सामने खुले आकाश की स्वछंद हवा...